माँ कालरात्रि की साधना से तंत्र-मंत्र बाधा होगी नष्ट, जानिए सरल उपाय | Maa Kalaratri Kee Saadhana Se Tantra-Mantra baadha hogee nasht, jaanie saral upaay
माँ कालरात्रि की साधना से तंत्र मंत्र बाधा होगी नष्ट,जानिए सरल उपाय
माँ कालरात्रि, माँ दुर्गा का सातवाँ स्वरूप मानी जाती हैं। इन्हें शक्ति, सुरक्षा और भय नाशिनी देवी के रूप में पूजा जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, माँ कालरात्रि की साधना करने से तंत्र-मंत्र, बुरी नजर और अन्य नकारात्मक शक्तियों से उत्पन्न बाधाएं समाप्त हो जाती हैं। जो व्यक्ति किसी तांत्रिक बाधा, नकारात्मक ऊर्जा या असाध्य रोगों से ग्रसित होते हैं, उनके लिए माँ कालरात्रि की साधना अत्यंत प्रभावी होती है।
माँ कालरात्रि की साधना के प्रमुख लाभ
-
यदि किसी व्यक्ति पर तंत्र-मंत्र, टोना-टोटका या बुरी नजर का प्रभाव है, तो माँ कालरात्रि की साधना करने से इन बाधाओं से छुटकारा मिलता है।
-
नवरात्रि के सातवें दिन विशेष रूप से माँ की पूजा करने से नकारात्मक ऊर्जाओं का नाश होता है।
-
माँ कालरात्रि अपने भक्तों को शत्रुओं और विरोधियों से सुरक्षा प्रदान करती हैं।
-
अगर कोई शत्रु गोपनीय रूप से आपके खिलाफ षड्यंत्र कर रहा हो, तो माँ की कृपा से वह विफल हो जाता है।
-
माँ कालरात्रि का आशीर्वाद प्राप्त करने से घर में सुख-शांति और समृद्धि बनी रहती है।
-
कार्यों में आने वाली बाधाएँ दूर होती हैं और सफलता मिलने लगती है।
-
माँ कालरात्रि की साधना से जटिल रोगों से भी मुक्ति मिलती है।
-
मानसिक अशांति, भय, तनाव और अनिद्रा जैसी समस्याएँ समाप्त हो जाती हैं।
-
माँ कालरात्रि की पूजा करने से अकाल मृत्यु के भय से मुक्ति मिलती है।
-
यह साधना विशेष रूप से उन लोगों के लिए लाभदायक होती है, जो किसी भय, दुर्घटना या अज्ञात शत्रु से परेशान रहते हैं।
माँ कालरात्रि की साधना विधि
माँ कालरात्रि की कृपा पाने के लिए इन मंत्रों का जाप करें:
- "ॐ कालरात्र्यै नमः" (108 बार)
- "ॐ क्रीं ह्रूं ह्रीं कालरात्र्यै स्वाहा" (21 या 108 बार)
-
नवरात्रि के सातवें दिन माँ कालरात्रि की मूर्ति या चित्र के सामने दीपक जलाएं।
-
माँ को गुड़, लाल फल (जैसे सेब), लाल फूल और काले तिल अर्पित करें।
-
नीले और काले वस्त्र धारण कर पूजा करें, क्योंकि यह रंग माँ कालरात्रि को प्रिय हैं।
-
माँ को अपराजिता का फूल अर्पित करें, यह बहुत शुभ माना जाता है।
-
रात्रि के समय माँ कालरात्रि की आरती करें और उन्हें लाल रंग के वस्त्र अर्पित करें।
-
अगर किसी व्यक्ति को अचानक भय, मानसिक अस्थिरता, या नकारात्मक ऊर्जा महसूस हो रही हो, तो उसे नींबू पर सिंदूर और काजल लगाकर चौराहे पर रखना चाहिए।
-
शनिवार के दिन काले कुत्ते को रोटी खिलाने से भी राहु-केतु दोष कम होते हैं।
-
माँ कालरात्रि की साधना के दौरान सात दिनों तक मौन व्रत (अवश्यक होने पर ही बोलना) रखने से साधना शीघ्र सिद्ध होती है।
निष्कर्ष
माँ कालरात्रि की साधना तंत्र-मंत्र और बुरी शक्तियों से मुक्ति दिलाने का अचूक उपाय है। इस साधना को नवरात्रि में करने से विशेष फल की प्राप्ति होती है। यदि कोई व्यक्ति लगातार दुर्भाग्य, भय, या शत्रुओं से परेशान है, तो उसे माँ कालरात्रि की आराधना अवश्य करनी चाहिए।
टिप्पणियाँ